पीएम धन धान्य योजना से लेकर क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने तक, किसानों के लिए बजट में क्या-क्या हुए ऐलान? जानें अपने काम की बात ।

मोदी सरकार 3.0 के पहले केंद्रीय बजट में किसानों के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की गई हैं। आइए, हम आपको हर एक घोषणा के बारे में विस्तार से जानकारी देते हैं।वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 1 फरवरी को 8वीं बार केंद्रीय बजट पेश किया, जिसमें किसानों के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की गईं। इनमें से एक प्रमुख घोषणा ‘पीएम धन धान्य कृषि योजना’ थी, जिसका उद्देश्य कृषि उत्पादन को बढ़ाना और किसानों को लाभ पहुंचाना है। इस योजना के तहत, देश के उन 100 जिलों पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा जहां कृषि उत्पादन कम है। इस योजना का मुख्य लक्ष्य इन जिलों में कृषि उत्पादन को बढ़ावा देना और किसानों को उच्च गुणवत्ता की तकनीकी और वित्तीय सहायता प्रदान करना है। इसके साथ ही, किसानों को आधुनिक कृषि उपकरण, बीज, और प्रशिक्षण भी उपलब्ध कराया जाएगा ताकि वे अधिक लाभकारी खेती कर सकें। यह योजना सीधे तौर पर 1.74 करोड़ किसानों को लाभान्वित करेगी। किसानों को कृषि में सुधार और समृद्धि के लिए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने के साथ ही, यह कदम अन्नदाता को आत्मनिर्भर बनाने में मददगार साबित होगा। इस पहल से कृषि क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव आने की उम्मीद है। 

किसानों को लाभ पहुंचाने और कृषि उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने लगातार कदम उठाए हैं, और इस पर विशेष ध्यान दिया गया है। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट में ऐलान किया कि सरकार एग्री प्रॉडक्टिविटी बढ़ाने के लिए कई योजनाएं लागू कर रही है। इन योजनाओं का उद्देश्य कृषि उत्पादन में वृद्धि करना और किसानों की आय में सुधार लाना है। सरकार कृषि क्षेत्र में नई तकनीकों, उन्नत बीज, बेहतर सिंचाई सुविधाएं और उर्वरकों का उपयोग बढ़ाने के लिए ठोस कदम उठा रही है। इसके अलावा, कृषि से जुड़े विभिन्न उत्पादों की गुणवत्ता और उत्पादन में सुधार करने के लिए किसानों को आवश्यक संसाधन और प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।  इस पहल से न केवल कृषि उत्पादकता में वृद्धि होगी, बल्कि किसानों को बेहतर लाभ प्राप्त करने 5N का मौका मिलेगा। इन योजनाओं के जरिए कृषि क्षेत्र में स्थिरता और समृद्धि लाने का लक्ष्य रखा गया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *